Tea is Bliss in Winters

सर्दियों में भी हम जीने लगे हैं
हम चाय पीने लगे हैं
दिलफरेब है सर्दी में चाय से इश्क होना
सर्दी को जवां होने में महीने लगे हैं
बेरहम ठंड में
जीने की दुश्वारी है
कंपकंपाता शरीर है
ये चाय की खुमारी है
भाप उगलती सांसें, शरीर ठिठुरते हैं
दिन बड़ी मुश्किल से गुजरते हैं
सर्दी से हम कुछ इस तरह मुकरते है
सर्दी में हम नशा चाय का करते हैं